सरपंचों द्वारा विकास धारा ओड़िशा सारा कार्यक्रम का बहिष्कार
सतीश शर्मा (उप संपादक)
राज्य की भाजपा सरकार अपने कार्यकाल के दो वर्ष पूरे होने का जश्न मना रही है। इस जश्न को मनाने के लिए भाजपा सरकार ने "विकास धारा ओड़िशा सारा" के नाम से राज्य के सभी प्रखंडों और ग्रामपंचायत में अभियान की शुरुआत की है। इसके तहत राजगांगपुर प्रखंड के ढेलुआ ग्रामपंचायत में 23 जून को और झगरपुत पंचायत में 24 जून कार्यक्रम का आयोजन किया गया था। इसमें भाजपा के कार्यकर्ता, सरकारी अधिकारी उपस्थित थे। परंतु ढेलुआ पंचायत और झगरपुर के निर्वाचित सरपंच उपस्थित नहीं थे। ये अनुपस्थिति कोई संयोग वश नहीँ थी। बल्कि विरोध स्वरूप थी। राजगंगपुर प्रखंड के सरपंच संघ ने सरकार द्वारा पंचायतों के अधिकारों, उनकी मांग पर ध्यान नहीं देने के विरुद्ध इन जश्न समारोह में भाग नहीं लेने का निर्णय किया है। इस संबन्ध में सरपंचों ने प्रखंड विकास अधिकारी को पत्र लिखकर बता दिया है। पत्र में राजगांगपुर के बीस पंचायतों के अधिकांश सरपंचों हस्ताक्षर कर बहिष्कार का समर्थन किया है।
पत्र में पांच बिदुओं का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार ने हजारों लोगों को राशन कार्ड नहीं दिया है।।
पंचायतों का एक्शन प्लान लागू नहीं किया है। वृद्धा भत्ता नही दिया है।।प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत घर नहीं दिये हैं।
इस पत्र में झगरपुर, केसरामल, छताम, चुंगीमाटी, गर्भना, कुनुमुरु, अलन्दा, सागजोर, मालिडिहि, जरैकेला के सरपंचों ने हस्ताक्षर किए हैं।
झगरपुर पँचायत के सरपंच ललित लकड़ा ने बताया कि सरकार दो साल पूरे होने का जश्न मना रही है। लेकिन इन दो वर्षों में गांवों में लोगों के राशन कार्ड, आवास योजना बंटन, एक्शन प्लान लागू करने के संबंध में कोई कार्रवाई नहीं की गई है तो किस बात का जश्न हम मनाए? श्री लकड़ा ने बताया कि वे लोग अपने ग्रामपंचायत में होने वाले किसी कार्यक्रम में शामिल नहीं होंगे। उन्होंने कहा कि बहिष्कार पत्र में पन्द्रह से अधिक सरपंचों ने हस्ताक्षर किए हैं और वे अपने ग्राम पंचायतों में होने वाले सरकारी जश्न में शामिल नहीं हों





